Tuesday, June 23, 2009

जय श्री कृष्ण


जय श्री कृष्ण


हिन्दी अनुवाद -


इंद्रियों को विषयों से,
जो जोर लगाके रोकता है,
पर हरदम सोचे उनके बारे में,
वह मूढ़ , झूठा और दंभी है. अ. 3 श्ल. 6


आगे -


यस्त्विन्द्रियाणि मनसा नियम्यारभतेअर्जुन.
कर्मेन्द्रियैः कर्मयोगमसक्तः स विशिष्यते..


श्रीमद्भगवद्गीता अध्याय 3 श्लोक 7

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