Sunday, July 12, 2009

जय श्री कृष्ण


जय श्री कृष्ण


हिन्दी अनुवाद -


हे भारत जैसे कर्म में आसक्त अज्ञानीजन,
कर्म करते रहें,
लोकसंग्रह व आदर के लिए आसक्तिरहित ज्ञानीजन,
कर्म करते रहें.अ. 3 श्ल. 25


आगे -


न बुद्धिभेदं जनयेदज्ञानाम् कर्मसंगिनां,
जोषयेत्सर्वकर्माणी विद्वान्युक्तः समाचरण..


श्रीमद्भगवद्गीता अध्याय 3 श्लोक 26

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